Bilaspur news-"-“एक भारत श्रेष्ठ भारत” कार्यक्रम के अंतर्गत आयोजित""स्टेट पुलिस कल्चर एक्सचेंज""प्रोग्राम के 14वें चरण की बिलासपुर मे हुई""शुरुआत,,,,
शेख असलम की रिपोर्ट,,,,
बिलासपुर -“एक भारत श्रेष्ठ भारत” कार्यक्रम के अंतर्गत आयोजित स्टेट पुलिस कल्चर एक्सचेंज प्रोग्राम के 14वें चरण की शुरुआत मंगलवार को बिलासपुर में हुई। इस कार्यक्रम के तहत गुजरात के पोरबंदर जिले से 15 अधिकारियों एवं कर्मचारियों का पुलिस दल 10 मार्च 2026 को बिलासपुर पहुंचा, जहां पुलिस उपमहानिरीक्षक एवं वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक बिलासपुर, रजनेश सिंह ने दल का औपचारिक स्वागत किया।
आगमन के पश्चात अधिकारियों का परिचय प्राप्त करते हुए उन्हें बिलासपुर पुलिस की कार्यप्रणाली, अपराध नियंत्रण के लिए अपनाई जा रही रणनीतियों, जनजागरूकता अभियानों तथा सामुदायिक सहभागिता आधारित पुलिसिंग के बारे में विस्तार से जानकारी दी गई। इस अवसर पर अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक (शहर) पंकज कुमार पटेल एवं अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक (ग्रामीण) श्रीमती मधुलिका सिंह सहित अन्य पुलिस अधिकारी भी उपस्थित रहे।
20 दिनों तक करेंगे पुलिसिंग प्रणाली का अध्ययन
गुजरात के पोरबंदर से आए पुलिस अधिकारी एवं कर्मचारी आगामी 20 दिनों तक बिलासपुर रेंज तथा विशेष रूप से जिला बिलासपुर में पुलिस की विभिन्न इकाइयों की कार्यप्रणाली का अध्ययन करेंगे। इस दौरान उन्हें थाना एवं चौकी व्यवस्था, पुलिस लाइन की गतिविधियां, यातायात प्रबंधन, महिला एवं बाल सुरक्षा से जुड़े कार्य, साइबर अपराध नियंत्रण की प्रक्रिया, जिले की भौगोलिक स्थिति, अपराध की प्रकृति तथा उनके रोकथाम के उपायों की जानकारी दी जाएगी।
जनजागरूकता अभियानों की भी दी जाएगी जानकारी
कार्यक्रम के दौरान जिले में संचालित “चेतना अभियान” सहित विभिन्न जनजागरूकता कार्यक्रमों की जानकारी भी साझा की जाएगी। इन अभियानों के माध्यम से अपराध रोकथाम, सामाजिक जागरूकता और नागरिकों की सहभागिता से पुलिसिंग को प्रभावी बनाने के प्रयासों से दल को अवगत कराया जाएगा।
न्यायालय, पर्यटन और सांस्कृतिक स्थलों का भी होगा भ्रमण
पुलिस कल्चर एक्सचेंज कार्यक्रम के अंतर्गत आए अधिकारियों को छत्तीसगढ़ की प्रशासनिक एवं सामाजिक संरचना से परिचित कराने के उद्देश्य से माननीय उच्च न्यायालय, न्यायिक अकादमी, प्रमुख पर्यटन स्थलों, धार्मिक और सांस्कृतिक स्थलों का भी भ्रमण कराया जाएगा। इससे उन्हें राज्य की प्रशासनिक व्यवस्था और सामाजिक ताने-बाने की व्यापक जानकारी मिल सकेगी।
सहयोगी तंत्र की कार्यप्रणाली से भी होंगे अवगत
इस दौरान पुलिस के सहयोगी तंत्र जैसे रेडियो शाखा, विशेष शाखा, फिंगरप्रिंट यूनिट, एफएसएल, नगर सेना, एसडीआरएफ तथा छत्तीसगढ़ सशस्त्र बल की कार्यप्रणाली से भी दल को अवगत कराया जाएगा। इन सभी इकाइयों के समन्वित कार्यों के माध्यम से कानून-व्यवस्था बनाए रखने और अपराध नियंत्रण की प्रक्रिया को समझाया जाएगा।
पुलिसिंग के बेहतर मॉडल साझा करने का उद्देश्य
कार्यक्रम के दौरान बिलासपुर रेंज के विभिन्न जिलों की पुलिसिंग गतिविधियों का भी अवलोकन कराया जाएगा। इसका मुख्य उद्देश्य दोनों राज्यों की पुलिस के बीच बेहतर कार्यों और अनुभवों का आदान-प्रदान करना है, ताकि आधुनिक, प्रभावी और जनहितकारी पुलिसिंग प्रणाली को और मजबूत बनाया जा सके।
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