Bilaspur news-"एक मासूम 5 वर्षीय बच्ची, जो घर के पास दुकान जाने के लिए निकली थी??? फिर जो सामने आया"""वो रूह कंपा देने वाला मंज़र था,,,,,,,
शेख असलम की रिपोर्ट,,,,,
सनसनीखेज वारदात: 5 साल की मासूम के साथ दरिंदगी… बोरे में बंद कर खंडहर में फेंका, पुलिस ने बचाई जान
बिलासपुर /दुर्ग -छत्तीसगढ़ के दुर्ग जिले के उतई क्षेत्र से एक दिल दहला देने वाली घटना सामने आई, जिसने पूरे इलाके को हिला कर रख दिया। एक मासूम 5 वर्षीय बच्ची, जो घर के पास दुकान जाने के लिए निकली थी, अचानक लापता हो गई… और इसके बाद जो सच सामने आया, वह किसी खौफनाक कहानी से कम नहीं था।दिनांक 10 अप्रैल 2026… शाम का समय… घरवालों को लगा बच्ची अभी लौट आएगी, लेकिन जैसे-जैसे समय बीतता गया, चिंता डर में बदल गई। परिजनों ने तुरंत थाना उतई में सूचना दी। मामला बेहद संवेदनशील था—एक छोटी बच्ची गायब थी।
पुलिस हरकत में आई…थाना उतई की टीम बिना देर किए मौके पर पहुंची। गांववालों को साथ लेकर सघन सर्च ऑपरेशन शुरू किया गया। हर गली, हर कोना, हर संदिग्ध जगह खंगाली जाने लगी।इसी दौरान एक चौंकाने वाला सुराग मिला—
किसी ने एक व्यक्ति को बोरे में कुछ लेकर जाते देखा था…बस, यही सुराग पूरी कहानी का रुख बदल गया।
खौफनाक सच्चाई सामने आई…जांच तेज हुई… दबाव बढ़ा… और आरोपी घबरा गया। उसने बच्ची को एक सुनसान खंडहर में बोरे के अंदर बंद कर छुपा दिया और मौके से फरार हो गया।समय के खिलाफ दौड़ जारी थी…हर मिनट कीमती था…आखिरकार पुलिस और ग्रामीणों की टीम उस खंडहर तक पहुंची—जहां बोरे में बंद मासूम बच्ची अचेत अवस्था में मिली।उस पल का मंजर… किसी की भी रूह कंपा दे…तुरंत बच्ची को बाहर निकाला गया, अस्पताल पहुंचाया गया। डॉक्टरों की निगरानी में इलाज शुरू हुआ। राहत की बात ये रही कि बच्ची अब खतरे से बाहर है।
आरोपी की पहचान और गिरफ्तारी,सीसीटीवी फुटेज खंगाले गए… हर मूवमेंट को जोड़ा गया… और आखिरकार आरोपी धनेश्वर साहू उर्फ जनता साहू तक पुलिस पहुंच गई।
गिरफ्तारी के बाद पूछताछ में उसने अपना जुर्म कबूल कर लिया।कानूनी शिकंजा कसा गया"आरोपी के खिलाफ गंभीर धाराओं के तहत मामला दर्ज कर उसे न्यायिक हिरासत में भेजा जा रहा है। एक सवाल जो सबके मन में है…
क्या समाज में छुपे ऐसे दरिंदों को पहचान पाना इतना मुश्किल हो गया है?और एक राहत…अगर पुलिस थोड़ी भी देर करती, तो ये घटना और भी भयावह रूप ले सकती थी।
👉 यह सिर्फ एक खबर नहीं, एक चेतावनी है…अपने बच्चों की सुरक्षा, सतर्कता और आसपास के लोगों पर नजर रखना आज पहले से ज्यादा जरूरी हो गया है।
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